ज्ञान स्‍वरूप अद्वैत आश्रम - ब्‍यावर

स्‍वामी ज्ञानस्‍वरूप जी महाराज कंराची पाकिस्‍तान में रहते थे । भारत को आजादी मिलने के समय उनका ब्‍यावर आगमन हुआ । ब्‍यावर में शरणार्थियों के लिए कॉलोनी बनी । जिसे नेहरू नगर कॉलोनी नाम दिया गया । इस कॉलोनी में 136 क्‍वाटर थे । स्‍वामी जी ने भी अपना नाम शरणार्थियों में खिलवा दिया । कॉलोनी का विधिवत उद्घाटन 25 मार्च 1953 को रात्रि 11 बजे स्‍वामी श्री ज्ञानस्‍वरूप जी महाराज के कर कमलों द्वारा किया हुआ ।
इसी कॉलोनी में एक क्‍वाटर स्‍वामी जी को भी अलोट हो गया । स्‍वामी जी ने इसे ”ज्ञान स्‍वरूप अद्वैत आश्रम” नाम दिया । जो आज भी मौजूद है । इस कॉलोनी में लगभग सभी जटिया बन्‍धु होने से जटिया कॉलोनी नेहरू नगर के नाम से मशहूर है ।
दिनांक 20-04-1976 को स्‍वामी ज्ञानस्‍वरूप जी महाराज के कर-कमलों द्वारा, इस कॉलोनी में ”श्री गंगा मैया मंदिर” का शिलान्‍यास किया गया । उस समय जटिया पंचायत के अध्‍यक्ष श्री धर्मचन्‍द जी खटनावलिया थे । वर्तमान में इस आश्रम का संचालन ज्ञानस्‍वरूपजी के शिष्‍य स्‍वामी चेतनानन्‍द जी महाराज कर रहे हैं ।



 

(साभार – ज्ञान भजन प्रभाकर : 1998 ई. संस्‍करण)