श्री छोगाराम बाकोलिया

आपका जन्‍म श्री जयराम बाकोलिया निवासी बाड़मेर के घर 1 जनवरी, 1944 में हुआ । आपने पोलोटेक्निक जोधपुर से मैकेनिक इंजिनियरिंग में डिप्‍लोमा किया । 1965-76 तक कनिष्‍ट अभियन्‍ता राजस्‍थान राज्‍य विद्युत मण्‍डल में नियुक्‍त रहे । पदोन्‍नत होकर 1976 से मई 1980 तक आपने सहायक अभियन्‍ता के पद पर कार्य किया । 1980 में स्‍वैच्‍छा से सहायक अभियन्‍ता के पद से त्‍याग पत्र देकर कांग्रेस (ई) के के सदस्‍य बन गये और रेवदर (सिरोही) से विधानसभा का चुनाव जीत कर प्रथम बार विधायक बने । आप 1981 में राज्‍य नियोजन सलाहकार समिति के सदस्‍य रहे तथा राजस्‍थान हाथ करघा परियोजना मण्‍डल के अध्‍यक्ष रहे । अखिल भारतीय अनुसूचित जाति परिष्‍द् की राजस्‍थान शाखा के सचिव तथा निदेशक मण्‍डल राजस्‍थान राज्‍य पथ परिवहन निगम एवम् बोर्ड ऑफ डायरेक्‍टर राजस्‍थान अनुसूचित विकास मण्‍डल के सदस्‍य रहे । सिरोही जिला शाखा के उपाध्‍यक्ष रहे । खाद्य एवम् कृषि संगठन के विशिष्‍ठ कार्यक्रम के अन्‍तर्गत सियोज (दक्षिण) कोरिया, टोकियो, ओसाका (जापान), हांगकांग, बैंकाक (थाईलैण्‍ड), सिंगापुर आदि देशों में आपको भारत सरकार द्वारा भेजा गया । 1981-82 में आप अनुसूचित जाति कल्‍याण समिति के सदस्‍य रहे । सिंचाई, जन स्‍वास्‍थ्‍य अभियांत्रिकी, राजस्‍व एवम् भूमि सुधार, ऊर्जा, बाढ़ एवम् अकाल राहत विभागों की संसदीय परामर्शदात्री समिति के आप सदस्‍य रहे । 16-10-1982 से 1985 तक आप ऊर्जा, समाज कल्‍याण एवम् भू-जल विभाग के उपमंत्री रहे । 1985 में रेवदर (सिरोही) से आप दौबारा विधान सभा सदस्‍य चनु कर आए । 11-03-1985 से 15-10-1985 तक आप राज्‍य मंत्री रहे तथा 16-10-1985 से आपको केबीनेट मंत्री बनाया गया । आपको खाद्य एवम् आपूर्ति विभाग सौंपा गया । वर्ष 1998 में ग्‍यारवीं विधान सभा में आप रेवदर (सिरो‍ही) से तीसरी बार विधान सभा सदस्‍य चुने गए । मुख्‍यमंत्री श्री अशोक गहलोत ने अपने मंत्रीमण्‍डल में आपको केबीनेट मंत्री के रूप में सामिल किया और यातायत विभाग की जिम्‍मेदारी सौंपी । आपको जो भी विभाग सौंपा गया उसको कुशलतापूर्वक चलाया है । आप प्रान्‍तीय रैगर महासभा, जयपुर के अध्‍यक्ष रहे ।

(साभार- चन्‍दनमल नवल कृत ‘रैगर जाति : इतिहास एवं संस्‍कृति’)